सर्दी की शुरुआत हेमंत ऋतु पर निबंध | Hemant Ritu par Nibandh

Hemant ritu in Hindi

आपको यहाँ Hemant ritu par nibandh में सभी प्रकार के हेमंत ऋतु पर निबंध मिलेंगे जो बहुत आसान भाषा में लिखे गए हैं. यहाँ आपको हेमंत ऋतु पर निबंध में 10 वाक्य भी मिलेंगे जो आप आसानी से याद कर सकते हैं. जो छोटे बच्चो के लिए होती हैं.

यहाँ सबसे पहले आपको Hemant ritu in hindi में हेमंत ऋतु पर निबंध में 100 शब्दों का निबंध मिलेगा जो छोटी कक्षा के बच्चों के लिए है, इसके बाद आपको हेमंत ऋतु पर निबंध में आपको 250 शब्द मिलेंगे फिर आपको एक Long type Hemant ritu par nibandh मिलेगा.

हेमंत ऋतु पर निबंध 100 शब्द

Hemant ritu in hindi, हेमंत ऋतु भारत में एक विशेष महत्व रखती है. यह ऋतु पतझड़ ऋतु के बाद, नवम्बर से दिसम्बर और जनवरी महीने के शुरू तक मानी जाती है.

इस मौसम में सर्दी की शुरुआत हो जाती है और इसके बाद शुरू होती है कड़ाके वाली सर्दी. इस समय हल्की सर्दी होती है. इसीलिए यह ऋतु लोगो को काफी पसंद है.

हेमंत ऋतु को अंग्रेजी में pre winter season कहते हैं. इसका मतलब यह सर्दी के शुरू होने का संकेत होता है. हेमंत ऋतु में सामान्य तौर पर लोगों का स्वास्थ्य खराब हो सकता है क्यूंकि इस समय मौसम तेजी से गर्मी से सर्दी की तरफ परिवर्तित होता है.

Hemant season essay in hindi 250 शब्द

Hemant season in hindi, हेमंत ऋतु, हिंदी के कैलंडर मार्गशीर्ष (अघैन), पौष के माह में आती है. अगर अंग्रेजी के कैलेंडर की बात करें तो यह दिसम्बर से 15 जनवरी तक रहती है.

हेमंत ऋतु में सुबह और शाम के समय मौसम ठंडा रहता है और दोपहर के समय थोड़ी अधिक गर्मी महसूस होती है. इस ऋतु में धीरे धीरे दिन छोटे व रातें बड़ी होती जाती हैं.

भारत के कुछ हिस्सों में ठंडी ठंडी हवाएं चलने लगती हैं और इस ऋतु के आखरी कुछ दिनों में कोहरा भी दिखाई देने लगता है.

यह मौसम पर्यटकों के लिए बहुत बेहतरीन माना जाता है. देश विदेश से बहुत सारे लोग भारत में घूमने के लिए इसी मौसम में आते हैं.

क्यूंकि इस समय सर्दी भी सामान्य रहती है और गर्मी भी ज्यादा नहीं होती इसलिए हेमंत ऋतु का मौसम पर्यटकों की पसंद बनता जा रहा है.

इस ऋतु में लोगों को धीरे धीरे गर्मी से छुटकारा मिलना शुरू हो जाता है और लोग गर्मी से चैन की राहत लेते हैं.

इस ऋतु में लोग आने वाले सर्दी के मौसम की तैयारियाँ करना शुरू कर देते हैं. तरह तरह की खरदारी जैसे गर्म कपडे, जूते, मोज़े आदि खरीदना शुरू हो जाता है.

अंग्रेजी कैलेंडर में नए साल की शुरुआत भी हेमंत ऋतु में होती है लेकिन इस समय इस ऋतु का अंत चल रहा होता है.

हेमंत ऋतु गर्मी के साथ आती है और जाते जाते तेज कड़ाके की ठण्ड छोड़ के जाती है. सर्दी व गर्मी दोनों ऋतुओं का मजा इस ऋतु में लिया जा सकता है.

Hemant ritu par nibandh

Hemant ritu par nibandh में आप हेमंत ऋतु के बारे में जेनेंगे और यह कब आती है यह भी हम आपको बताएँगे.

हेमंत ऋतु, अन्य ऋतुओं के मुकाबले थोड़ी बेहतर मानी गयी है क्यूंकि इसमें मौसम लगभग सामान्य रहता है. इस समय लोग दोनों मौसम सर्दी और गर्मी का मजा ले सकते हैं.

हेमंत ऋतु में रातें लम्बी व दिन छोटे होने लगते हैं. दोपहर के समय थोड़ी गर्मी महसूस होती हैं. रात के समय काफी ठण्ड होने लगती है.

आसमान में धुंध सी छाई रहती है, कोहरा, पाला रात को पड़ना शुरू होने लगता है. सुबह के समय मौसम काफी सुहावना दिखता है.

हेमंत ऋतु कब से कब तक रहती है?

Hemant ritu, शरद ऋतु (Autumn season) के बाद नवम्बर महीने के अंत में आती है. यह ऋतु लगभग 15 जनवरी तक रहती है. इसके बाद कड़ाके की ठण्ड शुरू हो जाती है जिसको शिशिर ऋतु कहा जाता है.

वैसे तो शीत ऋतु को ही दो भागों में बाँट दिया गया है. सर्दी के शुरूआती ऋतु को हेमंत ऋतु और सर्दी के आखिर में शिशिर ऋतु या शीत ऋतु कहते हैं.

इसीलिए इसको अंग्रेजी में pre-winter season कहा जाता है. जो सर्दी के आने की दस्तक देती है. इस ऋतु के आखिरी दिनों में खूब सर्दी होती है.

हेमंत ऋतु की विशेषता

Hemant ritu par nibandh में इस ऋतु की विशेषता, हमारे भारतवर्ष में 6 ऋतुएं होती हैं जो सभी अपने आप में विशेष होती हैं. सभी ऋतुओं की अपनी अपनी विशेषता है लेकिन इन सभी में हेमंत ऋतु एक अलग ही स्थान रखती है.

हेमंत ऋतु की विशेषता यह है कि यह ऋतु सर्दी के आने का आगमन करती है. यह ऋतु अधिक सर्दी के आने का स्वागत करती हुई दिखती है.

अन्य दिनों के अपेक्षा इस ऋतु में सुबह काफी देर से होती है और लगातार रातें लम्बी होती जाती हैं. सूर्यउदय लगभग 07:00 बजे होता है. और दिन ढलते ढलते ठण्ड होने लगती है.

सुबह के समय पेड़ पौधों पर ओस की बूँदें मोती की तरह दिखाई देती हैं जो बहुत खूबसूरत लगती हैं. ऐसे में वाकिंग करते समय बहुत आनंद आता है.

हेमंत ऋतु का स्वास्थ्य पर प्रभाव

जैसे कि अबतक आपको यह पता चल गया होगा कि hemant ritu में मौसम तेजी से बदलता है ऐसे में स्वास्थ्य का ख्याल रखना बहुत जरूरी होता है.

हेमंत ऋतु में बदलते मौसम के कारण कुछ लोगों की तबियत थोड़ी ख़राब होने लगती है. सर्दी, खांसी, जुकाम आदि बीमारियाँ होने का खतरा बड जाता है. ऐसे में यह बहुत जरूरी होता है कि हमें अपने स्वास्थ्य का ख्याल रखना चाहिए.

कहा जाता है कि हेमंत ऋतु में हमारी पाचन क्रिया बहुत अच्छे से काम करने लगती है. और कुछ लोग तो इन दिनों खूब खाना खाने लगते हैं.

तो कुछ लोगों का तो hemant ritu में वजन भी बढने लगता है ऐसे में उन्हें चाहिए की व्यायाम करते रहें और स्वास्थ्य रहें.

Hemant ritu in hindi में ध्यान रखने योग्य बातें
  1. Hemant Ritu में ठंडी चीजें जैसे- ठंडी कोल्ड ड्रिंक, आइस क्रीम, बर्फ युक्त पदार्थ आदि खाना पीना बंद कर देना चाहिए.
  2. गर्म कपडे पहनना शुरू कर देना चाहिए.
  3. गर्म पेय पदार्थ जैसे- चाय, कॉफ़ी आदि पीना शुरू कर देना चाहिए.
  4. अगर घर से बाहर कहीं सफ़र पर जा रहे हैं तो पूरे इंतजाम से निकले कुछ गर्म कपडे साथ में ज़रूर रखें.
  5. प्रातः काल व्यायाम ज़रूर करे इससे आपका शरीर फिट रहेगा.
उपसंहार :-

तेज ठण्ड को लाने वाली ऋतु, हेमंत ऋतु है. जिसमे बहुत सारे काम शुरू हो जाते हैं. जैसे किसान अपने खेत में गेहूँ की बुबाई इस ऋतु में करता है.

गर्म कपड़ों की खरीदारी इसी ऋतु में सबसे अधिक होती है. मार्केट में नए नए प्रकार के जूते, मोज़े, जौकेट, जर्सी, सोल आदि दिखाई देने लगती है.

सर्दी व गर्मी का मिलाझुला मौसम हेमंत ऋतु में अपना व अपने परिवार का ख्याल रखें और स्वास्थ्य रहें. तो यह था Hemant season essay in hindi जो आपको पसंद आया होगा.

हेमंत ऋतु पर 10 वाक्य

  1. हेमंत ऋतु नवम्बर से शुरू होती है और जनवरी में चली जाती है.
  2. इस मौसम में धीरे धीरे राते बड़ी और दिन छोटे होते जाते हैं.
  3. यह ऋतु शरद ऋतु के बाद आती है और इस के बाद शीत ऋतु आती है.
  4. यह हल्की गर्मी से शुरू होकर तेज कड़ाके की ठण्ड में जाकर ख़त्म होती है.
  5. हेमंत ऋतु में सूरज काफी देर से निकलता है.
  6. इस ऋतु के आखरी दिनों में कोहरा पड़ना शुरू हो जाता है.
  7. किसान अपने खेतों में गेहूँ की बुबाई इसी ऋतु में करते हैं.
  8. हेमंत ऋतु में अधिक ठंडी चीजें बहुत कम खाना चाहिए.
  9. हेमंत ऋतु में ठंडी हवाएं चलने लगती हैं.
  10. Hemant ritu में सुबह का समय बहुत अच्छा लगता है क्यूंकि पौधों की पत्तियों पर ओस की बूंदे बहुत ही सुन्दर प्रतीत होती हैं.
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Shanu khan
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I’m Shanu Ali Khan from Uttar Pradesh; my qualification is postgraduate. I am founder of hindieducation[dot]in site. I’m freelancer as well as Hindi writer.

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